पृष्ठ:भारत में अंगरेज़ी राज - पहली जिल्द.djvu/५४७

यह पृष्ठ अभी शोधित नहीं है।
२७५
पहला मराठा युध्द

पहला मराठा शुद्ध २७५ अपने उन आदमियों के नाम भेजा था, जिन्होंने नारायनराव को कल्ल किया, उसमें शब्द 'धरावे था जिसका अर्थ 'पकड़ना है और मेरा मतलब केवल नारायनराक को गिरफ्तार कराने का था, किन्तु बाद में बीच ही में किसी ने कहीं पर 'धरावे' शब्द को बदल कर मारावे' कर दिया। इसमें भी कोई सन्देह नहीं हो सकता कि इस हत्याकांड में मॉस्टिन का पुरा हाथ था। सर हेनरी लारेन्स लिखता है--"बाद में राघोबा ने नारायनराव को मार डालाxxxऔर अंगरेज़ सरकार ने उसका साथ दिया। अंगरेजों के भारतीय इतिहास का यह एक अत्यन्त पापमय अध्याय है।" उधर बम्बई की कौन्सिल ने नारायनराव की मृत्यु का समाचार पाकर इस मौके को अपनी इच्छा पूर्ति के लिए गनीमत समझा। ३० अगस्त को पूना में पेशवा नारायनराव की हत्या हुई और १७ सितम्बर को बम्बई को कौन्सिल ने मॉस्टिन को पत्र लिखा कि- "इस अवसर पर साष्टी और बसई प्राप्त करने में जितनी चीज़े हमें मदद दे सके, उन्हें तुम खूब परिश्रम के साथ बढ़ाना और चाहे कुछ भी क्यों न हो, पूना छोड़ कर कहीं न जाना। नारायनराव की मृत्यु के बाद राघोबा ने अपने आपको पेशवा

  • " Raghoba attervards murdered Varaan Rao

del wa supported by the British Government Alery test whatai in ing!) In lhar History"- Calcutta Review, vol 1, p 430 + to improve diligently every tircumstant t tav surall to the recomplishment of that event (the possessior of Salsette and Basven) and on no accoun whatever to leave the Marhatta Capital "..-Mill, vol 4 _ p 425